ए.टी.एम. मशीन को उखाडकर ले जाने वाली वारदात का खुलासा, गैंग का एक बदमाश गिरफ्तार

     जयपुर, अति पुलिस उपायुक्त पश्चिम  बजरंग सिंह ने बताया कि दिनांक 28.06.2020 को परिवादी ने दर्ज करवाया कि मेहरा संचालक कम्पनी का ए.टी.एम जो कि दुकान न0 1 करणी विहार गोकुलपुरा कालवाड रोड पर स्थित हैं, जिस पर चौकीदार भी रख रखा है। गार्ड ने बताया कि प्रातः समय करीब 3:25 से 3:30 AM के आसपास एक गाडी आई. जिसमे से दो व्यकित उतरे, जिन्होंने मेरे को पकडकर मेरी कनपटी पर बंदूक लगा दी और दोनों हाथ बांधकर गाडी की पीछे की सीट पर पटक दिया तथा कैमरो पर स्प्रेकर दिया. फिर हुक लगे रस्सो से ए.टी.एम मशीन के हुक लगाकर रस्सो को गाडी के बांधकर, गाडी से खिंचकर उखाडने की कोशिश की जिससे ए.टी.एम के दरवाजे का कांच व ए.टी.एम की स्क्रीन टूट गई. रस्सी टूटने के कारण ए.टी.एम मशीन नहीं उखडपाई. उसके बाद गार्ड को ए.टी.एम के पास पटकर कर गाडी लेकर भाग गये।



     प्रकरण की घटना को गम्भीरता से लेते हुये मुल्जिमानों की गिरफ्तारी के लिए सहायक पुलिस आयुक्त झोटवाडा हरि शंकर के निर्देशन मे थानाधिकारी करधनी रामकिशन के नेतृत्व मे पुलिस थाना करधनी की स्पेशल टीम विजय सिंह हैडकानि0, नरेन्द्र सिंह कानि0, बाबूलाल, रामसिंह व डीएसटी टीम पश्चिम की अलग अलग टीमें गठित की गई। गठित टीमो द्वारा घटनास्थल के आसपास एव घटनास्थल से चारों दिशाओं मे जाने वाले रास्तों पर लगे सैकडों सीसीटीवी कैमरों की रिकार्डिगं खंगाल गई. कैमरो से प्राप्त रिकार्डिगं एव सीडीआर आदि तकनीकी विश्लेषण एंव पारमपरिक मुखबीर से प्राप्त आसूचना व दिन रात कडी मेहनत व प्रयास किये जाकर टीम के सदस्यों द्वारा मुल्जिम रमेश घासल पुत्र श्री सीताराम घासल जाति जाट उम्र 23 साल निवासी काबरी डूंगरी थाना हरमाडा जयपुर पश्चिम को गिरफ्तार किया. 


     उसके कब्जे घटना मे काम मे ली गई कार हुण्डई ऐक्सेन्ट बरामद कि गई. तरीका वारदात-मुल्जिम रमेश चन्द अपने सहयोगी आदेश जाखड के काफी कर्जा होने के कारण दोनों ने मिलकर ए.टी.एम मशीन को उखाड कर, ए.टी.एम मे रखे रुपयों को चुराने का प्लान बनाया। दोनों जयपुर शहर मे विभिन्न ए.टी.एम मशीनों की रैकी कर दिनांक 28.06.2020 को समय करीब 3:25 से 3:30 एम पर गोकूलपुरा मे लगे एस.बी.आई बैंक का लगा हुआ ए.टी. एम के गार्ड की कनपटी पर हथियार लगाकर गार्ड के दोनों हाथ बांधकर गाडी की सीट पर पटक दिया। दोनों मुल्जिमानों ने अपनी पहचान छुपाने के लिए ए.टी.एम. पर लगे कैमरों पर स्प्रे छिडक दी और रस्सो के बंधे लोहे के भारी हुक्कों को ए.टी.एम मशीन में फंसाकर रस्सों को गाडी के बांधकर उखाडने का प्रयास किया लेकिन रस्सा टूटने के कारण ए.टी.एम. मशीन उखड नही पाई. जब ए.टी.एम. मशीन नहीं उखडा तो मुल्जिमान गार्ड को ए.टी.एम. के पास पटक कर गाडी लेकर भाग गये.