कोरोना वायरस : रूस की अमरीका-इटली को दी गई मदद पर क्यों किया जा रहा है शक

     अमरीका और रूस के आपसी संबंधों के बीच तल्ख़ी जगज़ाहिर है लेकिन कोरोना वायरस के संकट के समय में रूस का नया रूप देखने को मिल रहा है. रूस न्यूयार्क में मेडिकल सामानों की आपूर्ति कर रहा है, जिसे रूस की ओर से 'फ्रॉम रूस विद लव' अभियान का हिस्सा बताया गया है.


(Photo - रूस से सेना के विमान में मेडिकल सहायता न्यूयॉर्क पहुंची) 



      मार्च के अंत में ऐसा ही एक मालवाहक विमान कोरोना वायरस से सबसे ज़्यादा प्रभावित इटली पहुंचा था, मेडिकल सामानों के अलावा 100 रूसी सैन्य चिकित्सक भी इटली पहुंचे थे. रूसी मीडिया अपने सरकार की इस उदारता को प्रमुखता से बता रहा है, लेकिन इसमें कितनी सच्चाई है और कितनी मिथ्या?


     अमरीकी विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो ने ट्वीट करके बताया है कि अमरीका ने रूसी आपूर्ति का भुगतान किया है, साथ में उन्होंने ये भी बताया है कि कोविड-19 को हराने के लिए हम लोग एक साथ काम कर रहे हैं. अमरीका के मुताबिक़, दोनों देशों के राष्ट्रपति के बीच पिछले दिनों फ़ोन पर हुई बातचीत के दौरान मेडिकल सामानों की आपूर्ति पर सहमति बनी थी.


   वहीं, रूस के विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि आधे सामान के लिए अमरीका ने भुगतान किया है जबकि आधा सामान रूस की ओर से डोनेट किया गया है. हालांकि रूसी टीवी चैनलों पर इस आपूर्ति को मदद के तौर पर पेश किया जा रहा है और भुगतान के बारे में कोई ज़िक्र नहीं दिखता.