लाखों रुपये में तय होता था किराए की कोख का सौदा, पकड़ी गई महिला ने खोले कई राज

     अपनी कोख किराए पर देकर बच्चे पैदा करने के बाद नवजात को विदेशों में बेचने वाले एक गिरोह का यूपी की आगरा पुलिस ने पर्दाफाश किया है। हरियाणा के फरीदाबाद में जन्में तीन बच्चों को नेपाल में बेचा जाना था। महिलाएं बच्चों को लेकर नेपाल जा रही थी तभी पुलिस ने दो महिलाओं सहित पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि बिहार की महिला ने साढ़े तीन लाख रुपये लेकर बच्चे को जन्म दिया था। एसपी देहात पूर्वी प्रमोद कुमार ने बताया कि किराए की कोख के लिए बकायदा कानून है। बिना एग्रीमेंट के कोई भी ऐसा नहीं कर सकता। विदेशी दंपति के लिए किराए की कोख देना गैर कानूनी है। इसलिए इस मामले में मुकदमा लिखकर कानूनी कार्रवाई की जा रही है। 



      आगरा पुलिस को सूचना मिली कि तीन मासूम बच्चों को बेचने के लिए फरीदाबाद का गैंग कार से गोरखपुर जा रहा है। पुलिस ने लखनऊ एक्सप्रेस वे के फतेहाबाद टोल पर बैरियर लगा दिए। दोनों गाड़ियों को रोक लिया। दोनों गाड़ियों के चालक, दो महिलाओं सहित पांच लोगों को पकड़ा गया। महिलाओं को पूछताछ के लिए महिला थाने लाया गया। पहले तो एक महिला ने यह कहकर गुमराह किया कि वह बच्चे की सगी मां है। काम से गोरखपुर जा रही थी। 


महिला ने खोला राज : जिस महिला के कब्जे से दो बच्चे मिले, उसने राज खोल दिया। बताया कि वह गैंग की सदस्य है। बच्चे उसके नहीं है। बिहार की एक महिला ने साढ़े तीन लाख रुपये में किराए पर अपनी कोख दी थी। महिला ने रुपये लेने के बाद फरीदाबाद में बच्चों को उनके सुपुर्द कर दिया। नेपाल के दंपति ने बच्चों को जन्म देने के लिए गैंग से संपर्क किया था। इसके एवज में मोटी रकम दी थी। जन्म के बाद बच्चों को उनके खरीदार माता-पिता के सुपुर्द करना था। अनलॉक में एक गाड़ी में चालक सहित दो लोग बैठ सकते हैं, इसलिए दो गाड़ियां करनी पड़ी। वे गोरखपुर होते हुए नेपाल जा रहे थे। बच्चे जिनके सुपुर्द करने थे, उनकी जानकारी पकड़े गए गैंग के सदस्य के पास है। उसे सिर्फ बच्चों को साथ ले जाने के लिए रुपये मिलने थे। इसलिए तैयार हो गई।